शनिवार, 4 फ़रवरी 2012

नेताओं का भ्रष्ट तंत्र : सुधांशु यादव ,ग्राम दिउनी सिउरा ,कटरा ,शाहजहाँपुर

ये देश के नेताओँ जरा देश की सेवा कर लो

मैँ मौका देता हूँ ,अब तो सुधर लो .

पाँच साल के लिए मैँ चुनता तुमको

खिलौना समझ कर इस देश से मत खेलो .


ये देश ...................................कर लो .

हमने ही इनको पाला जो हमेँ सताते हैँ

जब वोट माँगने आते हैँ ,पैसोँ पर गिर जाते हैँ .

एमपी विधायक बन जाते तो नजर नहीँ आते हैँ

ऐसे ही नेता एक दिन मिट्टी मे मिल जाते हैँ .


ये देश ................................कर लो .

जिसे देश का सेवक समझा वो ही दुश्मन निकले

इस महान देश के आंसू फूट फूट कर निकले


देख कर देश की हालत , मन मेरा घबराता


जिसे देश का रक्षक समझो वही इसे ठुकराता .


ये देश ................................कर लो .


जनता से ऐसे नेता बनते


जो कुकर्म के डगर पर चलते .

अरबोँ रुपये घर मेँ निकलते

फिर भी धन को रोते रहते .

ये देश ........................................कर लो
.


ये नेता न्याय नहीँ करते

अन्याय यहाँ पर ये करते


ये न्याय के वीरोँ तुम जागो

मैदान से तुम मत भागो .

ये देश .........................................कर लो .
- द्वारा नरेश पाल सिंह यादव

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Date: Sunday, February 5, 2012 3:27:09 AM GMT+0000
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